ताकत बिल्कुल नहीं लग रही थी, हफ्तों से सोच ही रही थी कि शुरुआत कहाँ से करूं।
आज सुबह घर के आसपास 10 मिनट टहल आई।
बस इतना ही किया, ज़्यादा कुछ नहीं।
काम इस हफ्ते हल्का है तो सुबह वाला समय मिल गया, वरना डेडलाइन में यह भी टलता रहता।
टहलने के बाद थोड़ी देर बैठ के सांस ली, पैर हल्के भारी लग रहे थे मगर बुरा नहीं लगा, अच्छा लगा!
कल फिर से यही करूंगी, बस इतना।
