आज ऑफिस से लौटते वक़्त ये गली दिखी।

शाम ढल चुकी थी, हल्का अंधेरा सा।
एक गुलाबी घर, लाल छत, बाहर बाइक खड़ी हुई।
बिल्कुल सुनसान, कोई आवाज़ नहीं।
बस पेड़ों की हल्की सरसराहट थी।
दिनभर की भागदौड़ के बाद अचानक (कुछ पल) के लिए पैर रुक गए।
सुबह से मीटिंग, फिर बच्चों का स्कूल वाला काम, शाम को दोस्त की शादी की तैयारी का मैसेज भी आ गया था।
ये गली रोज़ का ही रास्ता है, फिर भी आज पहली बार जैसे ठीक से देखा।
घर पहुंचने की जल्दी तो थी, पर वहीं थोड़ी देर खड़ी रह गई।
आप लोगों को भी होता है क्या, अचानक किसी रास्ते पर यूं रुक जाना।
