आज सामान लेकर सीढ़ियां चढ़नी थीं, हाथ में ताकत नहीं थी।
पड़ोस के भैया ने बिना कुछ कहे झोला पकड़ लिया।
छोटी सी बात थी, पर दिन भर याद रही।
आज सामान लेकर सीढ़ियां चढ़नी थीं, हाथ में ताकत नहीं थी।
पड़ोस के भैया ने बिना कुछ कहे झोला पकड़ लिया।
छोटी सी बात थी, पर दिन भर याद रही।
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